
ग्राम पणसूत और मुखमालगांव में जारी सर्वे की वर्चुअल समीक्षा
एडीएम ने धीमी प्रगति पर जताई नाराजगी, संसाधनों का प्रभावी उपयोग करने के निर्देश
टिहरी। डिजिटल इंडिया लैंड रिकॉर्ड मॉडर्नाइजेशन प्रोग्राम के तहत तहसील प्रतापनगर के राजस्व ग्राम पणसूत और मुखमालगांव में चल रहे सर्वेक्षण/पुनः सर्वेक्षण कार्य की अपर जिलाधिकारी (एडीएम) शैलेन्द्र सिंह नेगी ने वर्चुअल माध्यम से समीक्षा की। कार्य की धीमी प्रगति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए उन्होंने 30 सितंबर तक सर्वेक्षण का काम अनिवार्य रूप से पूरा करने के कड़े निर्देश दिए।
बैठक में जानकारी दी गई कि पायलट प्रोजेक्ट के तहत चयनित पणसूत में लगभग 90 प्रतिशत और मुखमालगांव में लगभग 43 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है। एडीएम ने निर्देश दिए कि शेष कार्य में तेजी लाकर इसे तय समयसीमा के भीतर निपटाया जाए।
उन्होंने उप जिलाधिकारी और तहसीलदार प्रतापनगर को निर्देशित किया कि सर्वेक्षण टीम को आवश्यक राजस्व कार्मिक व अन्य संसाधन उपलब्ध कराएं, जिससे व्यावहारिक कठिनाइयों का तुरंत समाधान हो सके। साथ ही संबंधित राजस्व उप निरीक्षकों (पटवारियों) को टीम के साथ समन्वय बनाकर काम करने के निर्देश दिए गए।
एडीएम ने कार्यदायी संस्था ‘टोपोग्राफिकल जियो सॉल्यूशन’ के प्रतिनिधियों को दैनिक प्रगति की निगरानी करने और उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग करने को कहा। उन्होंने कहा कि डिजिटल लैंड रिकॉर्ड बनने से भूमि अभिलेखों का आधुनिकीकरण होगा और प्रबंधन में सुधार आएगा।
बैठक में एसडीएम मंजू राजपूत, तहसीलदार प्रदीप कंडारी, संस्था प्रतिनिधि दिनेश ममगाईं व प्रदीप चौहान सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
